दिल्ली में बैन के बाद कम चले पटाखे, फिर भी एयर क्वालिटी खतरनाक लेवल पर

0
260
नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट की ओर से बैन लगाने के बाद दिल्ली-एनसीआर में इस साल कम पटाखे चले। इसके बाद भी दिल्ली-एनसीआर में दिवाली सेलिब्रेशन के दौरान ज्यादातर इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 400 से ऊपर रिकॉर्ड किया गया। बता दें कि AQI का 400 से ऊपर होना गंभीर (Severe) माना जाता है। हालांकि, शुक्रवार को दिन की शुरुआत में सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (CPCB) ने कहा कि हालात पिछले साल से बेहतर हैं। बता दें कि पिछले साल दिवाली के दिन (30 अक्टूबर को) एयर पॉल्यूशन का लेवल 431 और अगले दिन 445 था। इस बार यह दिवाली के दिन 319 और अगले दिन 453 दर्ज किया गया। एनसीआर में AQI 400 से 420 रहा…
– न्यूज एजेंसी के मुताबिक, दिल्ली के पंजाबी बाग और आनंद विहार इलाके में शुक्रवार सुबह AQI सबसे ज्यादा 999 रिकॉर्ड किया गया। यह खतरनाक लेवल है।
– सुबह 9:30 बजे मिली अपडेट के मुताबिक, आरके पुरम में AQI 978 रहा, जबकि सबसे कम ईस्ट दिल्ली के दिलशाद गार्डन में 221 रहा।
– दिल्ली की तुलना में एनसीआर में पॉल्यूशन का लेवल काफी कम 400 से 420 के बीच रहा।
– इस साल दिवाली के दिन दिल्ली में AQI 319 रहा, इसके बाद भी यह बेहद खराब कैटेगरी में रहा। पिछले साल दिवाली के दिन AQI 431 था।
AQI की 6 कैटेगरी
एयर क्वालिटी इंडेक्स रेंज कैटेगरी
0-50 अच्छी (Good)
51-100 संतोषजनक (Satisfactory)
101-200 मध्यम (Moderate)
201-300 खराब (Poor)
301-400 बेहद खराब (Very Poor)
401 और इससे ऊपर से ज्यादा खतरनाक (Severe)
दिवाली की रात लिमिट से 10 गुना रहा पॉल्यूशन
– न्यूज एजेंसी के मुताबिक, दिल्ली पॉल्यूशन कंट्रोल कमेटी (DPCC) के आरके पुरम मॉनिटरिंग स्टेशन पर रात 11 बजे PM2.5 878 और PM10 1179 माइक्रो ग्राम/क्यूबिक मीटर पर पहुंच गया। इस तरह पॉल्यूशन ने 24 घंटे की सेफ लिमिट 60 और 100 को 10 गुना पार कर लिया।
AQI का लेवल गिरने से लोगों को होती है मुश्किल
– एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) का बेहद खराब होना यह बताता है कि इस तरह की हवा में ज्यादा वक्त तक रहने वालों को सांस से संबंधित तकलीफें हो सकती हैं।
– अगर एयर क्वालिटी और खराब होती है तो AQI का लेवल और खतरनाक हो जाएगा। इससे बीमार लोगों की मुश्किल और बढ़ जाएगी।
15 मार्च तक डीजल जनरेटर पर भी बैन
– सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर में पॉल्यूशन से निपटने के एन्वायरनमेंट प्रिवेंशन एंड कंट्रोल अथॉरिटी (EPCA) को ग्रेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) लागू करने का अधिकार दिया है।
– GRAP में वेरी पुअर और सीवियर कैटेगरी के तहत किए गए उपायों में डीजल जनरेटर के इस्तेमाल पर 17 अक्टूबर से 15 मार्च तक बैन लगाया गया है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here